जावेद अख्तर की शायरी | 50 Best Javed Akhtar Shayari Quotes Poetry in Hindi

Latest Javed Akhtar Shayari in Hindi. Read Best Javed Akhtar Quotes in Hindi, Javed Akhtar Poetry in Hindi, Javed Akhtar Shayari On Love, Javed Akhtar Shayari On Life, Javed Akhtar Shayari in English, Javed Akhtar Shayari Book, Javed Akhtar Shayari On Dosti, Javed Akhtar Shayari 2 Lines, जावेद अख़्तर की ग़ज़लों से चुनिंदा शेर And Share it On Facebook, Instagram And WhatsApp.

javed akhtar shayari in hindi, javed akhtar quotes in hindi, javed akhtar poetry in hindi, javed akhtar shayari on love, javed akhtar shayari on life, javed akhtar shayari in english, javed akhtar shayari book, javed akhtar shayari on dosti, javed akhtar shayari 2 lines, जावेद अख़्तर की ग़ज़लों से चुनिंदा शेर

#1 - Top 10 Javed Akhtar Shayari in Hindi 2022


चार लफ़्ज़ों में कहो जो भी कहो

उसको कब फ़ुरसत सुने फ़रियाद सब



शहर के हाकिम का ये फ़रमान है

क़ैद में कहलायेंगे आज़ाद सब


javed akhtar shayari in hindi, javed akhtar quotes in hindi, javed akhtar poetry in hindi, javed akhtar shayari on love, javed akhtar shayari on life, javed akhtar shayari in english, javed akhtar shayari book, javed akhtar shayari on dosti, javed akhtar shayari 2 lines, जावेद अख़्तर की ग़ज़लों से चुनिंदा शेर


दुख के जंगल में फिरते हैं कब से मारे मारे लोग

जो होता है सह लेते हैं कैसे हैं बेचारे लोग



सब को दावा-ए-वफ़ा सबको यक़ीं

इस अदकारी में हैं उस्ताद सब


javed akhtar shayari in hindi, javed akhtar quotes in hindi, javed akhtar poetry in hindi, javed akhtar shayari on love, javed akhtar shayari on life, javed akhtar shayari in english, javed akhtar shayari book, javed akhtar shayari on dosti, javed akhtar shayari 2 lines, जावेद अख़्तर की ग़ज़लों से चुनिंदा शेर


चाँद यादों के दिये थोड़ी तमन्ना कुछ ख्वाब ,

ज़िन्दगी तुझ से ज़्यादा नहीं माँगा हम नैय…


#2 - Javed Akhtar Quotes in Hindi


छोड़ कर जिस को गए थे आप कोई और था

अब मैं कोई और हूँ वापस तो आ कर देखिए.



भूलके सब रंजिशें सब एक हैं

मैं बताऊँ सबको होगा याद सब.


javed akhtar shayari in hindi, javed akhtar quotes in hindi, javed akhtar poetry in hindi, javed akhtar shayari on love, javed akhtar shayari on life, javed akhtar shayari in english, javed akhtar shayari book, javed akhtar shayari on dosti, javed akhtar shayari 2 lines, जावेद अख़्तर की ग़ज़लों से चुनिंदा शेर


उस से मैं कुछ पा सकू ऐसी कहाँ उम्मीद थी

ग़म भी शायद बराए मेहरबानी दे गया



सब की ख़ातिर हैं यहाँ सब अजनबी

और कहने को हैं घर आबाद सब


javed akhtar shayari in hindi, javed akhtar quotes in hindi, javed akhtar poetry in hindi, javed akhtar shayari on love, javed akhtar shayari on life, javed akhtar shayari in english, javed akhtar shayari book, javed akhtar shayari on dosti, javed akhtar shayari 2 lines, जावेद अख़्तर की ग़ज़लों से चुनिंदा शेर


हर खुशी में कोई कमी-सी है

हंसती आंखों में भी नमी-सी है


#3 - Javed Akhtar Poetry in Hindi


ये तसल्ली है कि हैं नाशाद सब

मैं अकेला ही नहीं बरबाद सब



बंध गई थी दिल में कुछ उम्मीद सी

ख़ैर तुम ने जो किया अच्छा किया


javed akhtar shayari in hindi, javed akhtar quotes in hindi, javed akhtar poetry in hindi, javed akhtar shayari on love, javed akhtar shayari on life, javed akhtar shayari in english, javed akhtar shayari book, javed akhtar shayari on dosti, javed akhtar shayari 2 lines, जावेद अख़्तर की ग़ज़लों से चुनिंदा शेर


हमको तो बस तलाश नए रास्तों की है…

हम हैं मुसाफ़िर ऐसे जो मंज़िल से आए हैं…



ज़हन की शाख़ों पर अशआर आ जाते हैं

जब तेरी यादों का मौसम होता है,


javed akhtar shayari in hindi, javed akhtar quotes in hindi, javed akhtar poetry in hindi, javed akhtar shayari on love, javed akhtar shayari on life, javed akhtar shayari in english, javed akhtar shayari book, javed akhtar shayari on dosti, javed akhtar shayari 2 lines, जावेद अख़्तर की ग़ज़लों से चुनिंदा शेर


एक ये दिन जब अपनों ने भी हम से नाता तोड़ लिया,

एक वह दिन जब पेड़ की शाखें बोझ हमरा सहती थी


#4 - Javed Akhtar Shayari On Love


ग़ैरों को कब फ़ुरसत है दुख देने की

जब होता है कोई हमदम होता है



“याद उसे भी एक अधूरा अफ़साना तोह होगा,

कल रास्ते में उसने हमको पेहचाना तोह होगा.”


javed akhtar shayari in hindi, javed akhtar quotes in hindi, javed akhtar poetry in hindi, javed akhtar shayari on love, javed akhtar shayari on life, javed akhtar shayari in english, javed akhtar shayari book, javed akhtar shayari on dosti, javed akhtar shayari 2 lines, जावेद अख़्तर की ग़ज़लों से चुनिंदा शेर


ज़ख़्म तो हमने इन आँखों से देखे हैं

लोगों से सुनते हैं मरहम होता है ,



हमको तो बस तलाश नए रास्तों की है…

हम हैं मुसाफ़िर ऐसे जो मंज़िल से आए हैं…


javed akhtar shayari in hindi, javed akhtar quotes in hindi, javed akhtar poetry in hindi, javed akhtar shayari on love, javed akhtar shayari on life, javed akhtar shayari in english, javed akhtar shayari book, javed akhtar shayari on dosti, javed akhtar shayari 2 lines, जावेद अख़्तर की ग़ज़लों से चुनिंदा शेर


ढलता सूरज फैला जंगल रस्ता गुम

हमसे पूछो कैसा आलम होता है


#5 - Javed Akhtar Shayari On Life


सच ये है बेकार हमें ग़म होता है

जो चाहा था दुनिया में कम होता है



तब हम दोनों वक़्त चुरा कर लाते थे

अब मिलते हैं जब भी फ़ुर्सत होती है


javed akhtar shayari in hindi, javed akhtar quotes in hindi, javed akhtar poetry in hindi, javed akhtar shayari on love, javed akhtar shayari on life, javed akhtar shayari in english, javed akhtar shayari book, javed akhtar shayari on dosti, javed akhtar shayari 2 lines, जावेद अख़्तर की ग़ज़लों से चुनिंदा शेर


उसके बंदों को देखकर कहिये

हमको उम्मीद क्या ख़ुदा से रहे



जब आईना तो देखो इक अजनबी देखो

कहां पे लाई है तुमको ये ज़िंदगी देखो


-


ज़हनो-दिल आज भूखे मरते हैं

उन दिनों हमने फ़ाक़े झेले थे


#6 - Javed Akhtar Shayari in English


जाते जाते वो मुझे अच्छी निशानी दे गया

उम्र भर दोहराएंगे ऐसी कहानी दे गया



ज़रा सी बात जो फैली तो दास्तान बनी

वो बात ख़त्म हुई दास्तान बाक़ी है


-


ख़ुदकुशी क्या दुःखों का हल बनती

मौत के अपने सौ झमेले थे



सँवरना ही है तो किसी की नजरों में संवरिये,

आईने में खुद का मिजाज नहीं पूछा करते


-


इक तरफ़ मोर्चे थे पलकों के

इक तरफ़ आँसुओं के रेले थे


#7 - Javed Akhtar Shayari Book


बहुत आसान है पहचान इसकी

अगर दुखता नहीं तो दिल नहीं है



थीं सजी हसरतें दूकानों पर

ज़िन्दगी के अजीब मेले थे


-


हम तो बचपन में भी अकेले थे

सिर्फ़ दिल की गली में खेले थे



जो भी मैंने काम किया है वो मेने दिल के करीब से ही किया है।

जो काम मेरे दिल के करीब नहीं था, उसको मैंने कभी किया ही नहीं


-


“मैं भूल जाऊं अब यही मुनासिब है,मगर भुलाना भी चाहूं तोह किस तरह भुलाऊँ,

की तुम तोह फिर भी हकीकत हो, कोई ख्वाब नहीं.”


#8 - Javed Akhtar Shayari On Dosti


आप भी आए, हम को भी बुलाते रहिए

दोस्ती ज़ुर्म नहीं, दोस्त बनाते रहिए



सँवरना ही है तो किसी की नजरों में संवरिये,

आईने में खुद का मिजाज नहीं पूछा करते


-


ख़ून से सींची है मैं ने जो ज़मीं मर मर के

वो ज़मीं एक सितम-गर ने कहा उस की है



एक ये घर जिस घर में मेरा साज़-ओ-सामाँ रहता है

एक वो घर जिस घर में मेरी बूढ़ी नानी रहती थीं


-


अगर दुसरो के जोर पर उड़कर दिखाओगे

तो अपने पैरो से उड़ने की हुनर भूल जाओगे


#9 - Javed Akhtar Shayari 2 Lines


मुझ को यकीं है सच कहती थी जो भी अम्मी कहती थी,

जब मेरे बचपन के दिन थे चाँद में परियाँ रहती थी.



किन लफ़्ज़ों में इतनी कड़वी, इतनी कसैली बात लिखूं

शेर की मैं तहज़ीब निभाऊं या अपने हालात लिखूं


-


कोई शिकवा न ग़म न कोई याद

बैठे बैठे बस आँख भर आई



जाते जाते वो मुझे अच्छी निशानी दे गया

उम्र भर दोहराऊँगा ऐसी कहानी दे गया

उससे मैं कुछ पा सकूँ ऐसी कहाँ उम्मीद थी

ग़म भी वो शायद बरा-ए-मेहरबानी दे गया

सब हवायें ले गया मेरे समंदर की कोई

और मुझ को एक कश्ती बादबानी दे गया

ख़ैर मैं प्यासा रहा पर उस ने इतना तो किया

मेरी पलकों की कतारों को वो पानी दे गया


-


एक ये दिन जब लाखों ग़म और काल पड़ा है आँसू का

एक वो दिन जब एक ज़रा सी बात पे नदियाँ बहती थीं


#10 - जावेद अख़्तर की ग़ज़लों से चुनिंदा शेर


एक ये दिन जब ज़हन में सारी अय्यारी की बातें हैं

एक वो दिन जब दिल में भोली-भाली बातें रहती थीं



दर्द अपनाता है पराए कौन

कौन सुनता है और सुनाए कौन

कौन दोहराए वो पुरानी बात

ग़म अभी सोया है जगाए कौन

वो जो अपने हैं क्या वो अपने हैं

कौन दुख झेले आज़माए कौन


-


खो गयी है मंजिले, मिट गए है सारे रस्ते,

सिर्फ गर्दिशे ही गर्दिशे, अब है मेरे वास्ते..

काश उसे चाहने का अरमान न होता,

मैं होश में रहते हुए अनजान न होता



क्यूँ ज़िन्दगी की राह में मजबूर हो गए

इतने हुए करीब कि हम दूर हो गए

ऐसा नहीं कि हमको कोई भी खुशी नहीं

लेकिन ये ज़िन्दगी तो कोई ज़िन्दगी नहीं

क्यों इसके फ़ैसले हमें मंज़ूर हो गए

पाया तुम्हें तो हमको लगा तुमको खो दिया

हम दिल पे रोए और ये दिल हम पे रो दिया

पलकों से ख़्वाब क्यों गिरे क्यों चूर हो गए


-


आप भी आइए हमको भी बुलाते रहिए

दोस्‍ती ज़ुर्म नहीं दोस्‍त बनाते रहिए।

ज़हर पी जाइए और बाँटिए अमृत सबको

ज़ख्‍म भी खाइए और गीत भी गाते रहिए।

वक्‍त ने लूट लीं लोगों की तमन्‍नाएँ भी,

ख़्वाब जो देखिए औरों को दिखाते रहिए।

शक्‍ल तो आपके भी ज़हन में होगी कोई,

कभी बन जाएगी तसवीर बनाते रहिए।


Related Posts :

Thanks For Reading जावेद अख्तर की शायरी | 50 Best Javed Akhtar Shayari Quotes Poetry in Hindi. Please Check Daily New Updates On Devisinh Sodha Blog For Get Fresh Hindi Shayari, WhatsApp Status, Hindi Quotes, Festival Quotes, Hindi Suvichar, Hindi Paheliyan, Book Summaries in Hindi And Interesting Stuff.

No comments:

Post a Comment